कोरोना से लड़ाई में एकजुटता दिखाएं, Rahul-Akhilesh भी वैक्सीन लगवाएं : ऊर्जा मंत्री

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कोरोना के प्रसार को रोकने के लिए टीकाकरण अभियान पूरी रफ्तार से चल रहा है। इसी के तहत राज्य के ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने मंगलवार को लखनऊ के श्यामा प्रसाद मुखर्जी सिविल अस्पताल में कोविड-19 वैक्सीन की पहली डोज ली। वैक्सीन की खुराक लेने के बाद उन्होंने कहा कि कोरोना से लड़ाई में एकजुटता दिखाएं, राहुल-अखिलेश भी वैक्सीन लगवाना चाहिए। उन्होंने कहा कि कुछ लोग ऐसे भी हैं जिन्होंने वैक्सिनेशन ड्राइव को लेकर टीका टिप्पणी की थी, प्रधानमंत्री के ऊपर भी बेजा टिप्पणिया की। अब प्रधानमंत्री ने भी वैक्सीन लगा ली है और जब-जब जिसका नम्बर आ रहा है वो अपनी बारी पर वैक्सीन लगवा रहा है। उन्होंने विपक्ष के नेताओं खासकर राहुल गांधी व अखिलेश यादव से भी अपील की कि वे भी कोरोना से जंग में एकजुटता का परिचय दें और वैक्सीन लगवाएं। लोगों को इसके लिए प्रेरित करें।

मंत्री ने कहा कि महामारी से लड़ाई में वैक्सीन एक बड़ा हथियार है। कोरोना मुक्त भारत के लिए पूरे देश में वैक्सिनेशन ड्राइव चल रही है। उन्होंने अपील की कि सभी पात्र लोग इस अभियान का हिस्सा बने कोविड की लड़ाई में एकजुटता का परिचय दें। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का अभिनंदन करते हुए कहा कि वे पहले ही दिन से आज तक पूरी शिद्दत से इस महामारी को परास्त करने के प्रयासों में लगे लोगों का हौसला बढ़ा रहे हैं।

उन्होंने देश के वैज्ञानिकों का अभिनंदन करते हुए कहा की आज उनके प्रयासों से दूसरे देशों से दवाई आयात करने वाला भारत वैक्सीन मैत्री से विश्व समुदाय की मदद कर रहा है। उन्होंने कहा कि हमने पूरी दुनिया के अनुभवों से सीख ली है। महामारी पर जीत तभी सम्भव है जब सब एकजुटता का परिचय दें।

शर्मा ने कहा कि वैक्सीन लगने के बाद भी दो गज की दूरी और मास्क का उपयोग जरूर करें। यह महामारी को हराने का सबसे बड़ा हथियार है। दवाई के साथ कड़ाई भी अभी बहुत जरूरी है।

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस

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बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

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