विशेषज्ञ ‘नंबर-4’ को लेकर चिंतित, कोहली सकारात्मक

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भारतीय क्रिकेट टीम में नंबर-4 को लेकर असमंजस बनी हुई है, जिसे मई में होने वाले विश्व कप से पहले सुलझाना जरूरी बन गया है।

भारतीय टीम के कप्तान विराट कोहली ने बुधवार को कहा था कि विश्व कप को लेकर अंतिम-11 लगभग तय है बस एक स्थान को लेकर माथापच्ची होनी है। उन्होंने हालांकि यह नहीं बताया था कि वह किस स्थान की बात कर रहे हैं, लेकिन यह बात किसी से छुपी नहीं है कि यह मामला नंबर-4 का है।

टीम के कोच रवि शास्त्री ने भी इस बात के संकेत दिए थे कि कोहली खुद चौथे नंबर पर खेल सकते हैं।

इस स्थान के लिए अंबाती रायडू अभी तक सबसे सफल साबित हुए हैं। रायडू ने चौथे नंबर पर बल्लेबाजी करते हुए 14 पारियां खेलीं हैं और एक शतक तथा दो अर्धशतक जमाए हैं। रायडू को भारतीय टीम ने हालांकि आस्ट्रेलिया के खिलाफ खेले गए आखिरी दो वनडे मैचों में नहीं खेलाया था।

मोहाली में खेले गए चौथे वनडे में कोहली नंबर-4 पर आए थे तो वहीं दिल्ली में खेले गए आखिरी वनडे में पंत को मौका मिला था। टीम प्रबंधन द्वारा किए गए यह दोनों प्रयोग विफल रहे थे।

विश्व कप से पहले खेले गए आखिरी मैच में भी इस समस्य का समाधान नहीं निकल सका कि चौथे नंबर पर भारत रायडू, लोकेश राहुल,श्रेयस अय्यर और कोहली में से किसे देखता है।

आस्ट्रेलिया के पूर्व बल्लेबाज मैथ्यू हेडन ने आईएएनएस से बात करते हुए कहा कि उनके हिसाब से रायडू इस नंबर के लिए सही शख्स हैं और वह इस बात से हैरान हैं कि भारत रायडू के होते हुए अन्य विकल्पों पर सोच रहा है।

हेडन ने कहा, “मेरे लिए रायडू उपयुक्त हैं। मैं विश्वास नहीं कर सकता कि भारत इस पर सवाल कर रही है। वह लंबे समय से अच्छी फॉर्म में हैं। मैं नहीं जानता कि वह सवाल क्यों कर रहे हैं, शायद इसलिए क्योंकि विश्व कप से पहले आपको कुछ बात करनी है। मुझे नहीं लगता कि राहुल उस जगह पर खेल पाएंगे। उनका समय आएगा और अगर कुछ होता है तो वह स्टैंड वाई ओपनर के तौर पर खेल सकते हैं।”

कॉमेंटेटर और विशेषज्ञ हर्षल भोगले ने भी इस बात को मानने से इनकार कर दिया है कि कोहली अपने बल्लेबाजी क्रम में बदलाव करेंगे। उनका मानना है कि विश्व कप से पहले इस जगह का भरा न जाना भारतीय टीम के लिए चिंता का विषय है।

उन्होंने कहा, “यह थोड़ा चौंकाने वाली बात है कि हम विश्व कप से पहले अपना अंतिम मैच खेल रहे हैं और इस बात को लेकर आश्वस्त नहीं हैं कि कौन नंबर-4 पर बल्लेबाजी करेगा। हाल ही में खराब फॉर्म से पहले लंबे समय तक लगा था कि रायडू ने यह स्थान पक्का कर लिया है। हां, राहुल एक विकल्प हैं लेकिन उन्होंने अभी तक ज्यादा कुछ हासिल नहीं किया है। और इस पर रायडू कह सकते हैं कि मैंने क्या गलत किया।”

कोहली ने बुधवार को खेले गए मैच के बाद संवाददाता सम्मेलन में कहा था कि टीम प्रबंधन अंतिम-11 को लेकर आश्वस्त है और सिर्फ एक स्थान को लेकर ही थोड़ी बहुत चिंता है।

कोहली ने कहा, “एक टीम के तौर पर संयोजन के तौर पर, हम पूरी तरह से तैयार हैं, ज्यादा से ज्यादा एक बदलाव हो सकता है। हमारी टीम संतुलित है। हार्दिक पांड्या टीम में वापसी करेंगे। उनके आने से बल्लेबाजी को गहराई मिलेगी और गेंदबाजी विकल्प भी मिलेगा। अंतिम-11 क्या होगी वो हमारे दिमाग में साफ है।”

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस


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बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

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