World No Tobacco Day: हर साल तंबाकू के सेवन से मर जाते हैं 7 मिलियन लोग….

0

हर साल 31 मई को विश्व तंबाकू निषेध दिवस मनाया जाता है। इसे मनाने का उद्देश्य तंबाकू से होने वाले नुकसान से लोगों को जागरुक करना है। विशेषज्ञों का मानना है कि तंबाकू पर रोक के लिए पूरजोर विरोध की जरूरत है। तंबाकू मानव शरीर को खोखला बनाकर बीमारियों का अड्डा बना देती है।

पीजीआइ चंडीगढ़ इस बार विश्व तंबाकू निषेध दिवस पर राष्ट्रीय शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेगा। पीजीआई में 31 मई को आयोजित होने वाले सम्मेलन में श्रीलंका, बांग्लादेश,  मालदीव सहित अन्य देशों के विशेषज्ञ शिरकत करेंगे। इस बार वर्ल्ड नो टोबैको डे का विषय युवाओं का उद्योग द्वारा शोषण रोकने और उन्हें तंबाकू व निकोटिन के सेवन से रोकना रखा गया है।

पीजीआइ के कम्युनिटी मेडिसिन एंड स्कूल आफ पब्लिक हेल्थ के प्रोफेसर सोनू गोयल का कहना है कि हर साल तंबाकू से होने वाली बीमारियों से 7 मिलियन लोगों की मौत हो जाती है। बता दें कि दुनियाभर में हर साल 31 मई को नो-टोबैको डे यानी विश्व तंबाकू निषेध दिवस मनाया जाता है। इस दिन तंबाकू के सेवन नहीं करने को लेकर लोगों को जागरुक किया जाता है। तंबाकू स्वास्थ्य के लिए जानलेवा है। तंबाकू के सेवन से शरीर में कई तरह की बीमारियां हो जाती है।

विश्व तंबाकू निषेध दिवस हर साल एक थीम के अनुरूप मनाया जाता है। इस बार तंबाकू निषेध दिवस-2020 की थीम हटकर है। इस बार “युवाओं को इंडस्ट्री के हथकंडे से बचाना और उन्हें तंबाकू-निकोटीन के उपयोग से रोकना” नामक थीम पर ये दिवस मनाया जाएगा।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here