दर्जियों को फिर से प्रतिष्ठा दिलाने की कवायद, जानिए इसके बारे में !

0
71

टेलर यानी दíजयों की प्रतिष्ठा फिर से बहाल करने और लोगों को सिले-सिले कपड़े की जगह अपनी पसंदीदा फिटिंग के साथ कपड़े मुहैया कराने का बीड़ा ब्ल्यूज एंड गाइज कंपनी ने रेमंड के साथ मिलकर उठाया है। ब्ल्यूज एंड गाइज के चांदनी चौक, पश्चिम बिहार सहित दिल्ली में कई स्टोर हैं। कंपनी दर्जियों को कौशल प्रशिक्षण भी देती है। बीड़ा ब्ल्यूज एंड गाइज कंपनी के प्रमुख मनमोहन गोटेवाला ने कहा कि दर्जी कड़ी मेहनत से अपनी रोजी-रोटी कमाते हैं लेकिन आज के रेडिमेट कपड़ों के बढ़ते चलन के दौर में टेलरिंग का काम मानो खत्म सा होता जा रहा है। लोग अब रेडीमेट कपड़ों को ज्यादा वरीयता दे रहे हैं क्योंकि यह इंस्टैंट होता है यानी शोरूम में गए, कपड़े पसंद किए और इसका उपयोग शुरू हो जाता है।

दिल्ली के पश्चिम विहार में नए स्टोर के उद्घाटन अवसर पर मनमोहन गोटेवाला ने कहा, “रेडीमेड कपड़ों को लेने के दौरान कई बार लोगों को मनपसंद फिटिंग के कपड़े नहीं मिल पाते। अपनी पसंद के सिले हुए कपड़ों का अलग ही महत्व है। इसी को ध्यान में रखकर हमने रेमंड के साथ मिलकर कस्टमाइज्ड टेलरिंग की पेशकश की है। हमारे कस्टमाइज्ड टेलरिंग में कौशल संपन्न दर्जी हैं। हमें उम्मीद है हमारी यह पहल लोगों को पसंद आएगी।”

उन्होंने कहा, “काबिल दर्जियों को चुनकर हम रेमंड के साथ मिलकर पहले इन्हें उच्च स्तर की सिलाई का प्रशिक्षण देते हैं फिर इन्हें काम सौंपा जाता है।

मनमोहन गोटेवाला ने बताया कि सुंदर दिखने के लिए, एक सुंदर कपड़ा लेना महत्वपूर्ण है और यह भी आवश्यक है कि आपके द्वारा पहने गए कपड़े को पूरी तरह से तैयार किया जाए। रेमंड कपड़ों की आकर्षक रेंज के लिए जाना माना नाम है। ब्ल्यूज एंड गाइज और रेमंड साथ मिलकर दर्जियों को नया प्लेटफार्म प्रदान कर रहे हैं।

गोटेवाला ने कहा, “आज हमारे कारीगरों द्वारों बनाए कपड़ों की मांग तेजी से बढ़ रही है। वह समय दूर नहीं जब फिर से टेलरों का युग वापस आ जाएगा।”

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस


SHARE
Previous articleगोल्फ : केमिले की नजर इंडियन ओपन का खिताब बचाने पर
Next articleये हैं दुनिया की सबसे बोल्ड फिगर की हसीनाएं, तस्वीरें देखना ना भूलें
बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here