आपकी आंखों में भी हैं इस तरह के धब्बे तो हो सकते हैं पागलपन के संकेत

0
122

जयपुर, आजकल भागदौड़ भरी जिंदगी में व्यक्ति अपने आप के लिए समय ही नहीं निकाल पाता है। समय के अभाव की वजह से देर से सोने और व्यायाम के लिए समय नहीं देने से व्यक्ति कई सारी बिमारियों का शिकार होता चला जा रहा हैं। काम के बौझ की वजह से व्यक्ति अधिकतर तनाव में रहता है। जिसके चलते मानसिक बिमारी के अवसर बढ़ जाते है। वहीं दूसरी और पारिवारिक समस्या के चलते भी व्यक्ति इस बिमारी का शिकार होता जा रहा है।

पिछले कुछ सालों मानसिक रोगियों की संख्या में इजाफा देखा गयाहै। यह कब पागलपन में परिवर्तित हो जाती है। इसका पता ही नहीं चलता है। लेकिन कुछ सारीरिक लक्षण है जिनसे पागलपन होनें का पता लगाया जा सकता है। यह बिमारी होनें पर हमारी आखों में परिवर्तन आने लगता है। आंखों में छोटे पील-धब्बे इसके शुरुआती संकेत हो सकते हैं। चिकित्सिय भाषा मे इन धब्बों को हार्ड ड्रसेन कहा जाता है। जो वसा व कैल्शियम के जमा हो जाने से बनते है।

यह रेटीना के नीचे एक परत के रूप मे बनते है। जिन्हें स्केन के माध्यम से देखा जा सकता हैं। पहले इस तरह के धब्बों को उम्र बढ़ने का संकेत माना जाता था, लेकिन एक शोध से पता चला है कि चार फीसदी स्वस्थ लोगों की तुलना में यह अल्जाइमर के लोगों मे 25 फीसदी अधिक पाए जाते है। बेलफास्ट के क्वीन विश्वविद्यालय के इमरे लेंगेल ने कहा कि हमने पाया है कि अल्जाइमर बीमारी में ड्रसेन जमा होने से जुड़े मामले ज्यादा होते हैं।

अल्जाइमर के रोगियों में मोटी रक्त वाहिकाएं पाई जाती हैं, जो खून के प्रवाह को धीमा कर देती हैं। यह पागलपन के संकेत हो सकते है। इसलिए अगर परिवार के किसी भी व्यक्ति के इस तरह के लक्षण दिखाई दे तो तुरंत चिकित्सक की सलाह लेनी चाहिए।

 

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here