विश्व कप में कमाल दिखा सकते हैं यह 5 स्पिनर

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इंग्लैंड में 30 मई से शुरू होने वाले विश्व कप में सूखी पिचें और गर्मी भरा मौसम रहेगा जिसे देखते हुए क्रिकेट पंड़ितों का कहना है कि इस विश्व कप में स्पिनर अहम रोल निभाएंगे।

जब से वनडे में दो नई गेंद का रिवाज शुरू हुआ है तब से स्पिनरों की अहमियत बल्लेबाजों को रोकने और मध्य के ओवरों में विकेट लेने के लिहाज से काफी बढ़ गई है।

आने वाले विश्व कप में वो कौन-कौन से स्पिनर हैं जो दूसरी टीमों के लिए खतरनाक हो सकते हैं उन पर एक नजर।

कुलदीप यादव (भारत) :

विश्व कप जीतने के लिहाज से यह चाइनमैन गेंदबाज भारत के लिए बेहद अहम है। भारत ने जब आखिरी बार 2018 में इंग्लैंड का दौरा किया था तब कुलदीप ने इंग्लिश बल्लेबाजों को खासा परेशान किया था और तीन मैचों की सीरीज में नौ विकेट लिए थे। यह सीरीज भारत ने 2-1 से अपने नाम की थी।

कुलदीप ने अभी तक कुल 44 वनडे खेले हैं जिसमें 85 विकेट उनके हिस्से आए हैं। हालांकि हालिया दौर में वह खराब फॉर्म से जूझ रहे हैं। आईपीएल में वह नौ मैचों में सिर्फ चार विकेट ही ले पाए। कोलकाता नाइट राइडर्स की तरफ से खेलते हुए उन्होंने कई रन लुटाए। वह हालांकि लीग के मध्य में टीम से बाहर भी कर दिए गए।

फिर भी वह विराट कोहली के नेतृत्व वाली भारतीय टीम का अहम हिस्सा हैं।

राशिद खान (अफगानिस्तान) :

इस लेग स्पिनर ने बीते कुछ महीनों में अपने खेल में गजब का सुधार किया है। रााशिद इस समय वनडे रैंकिंग में नंबर-3 पर हैं। वह दो साल से लगातार शानदार फॉर्म में हैं और अफगानिस्तान द्वारा विश्व क्रिकेट में हासिल की गई सफलता के पीछे की अहम कड़ी हैं।

उनकी रन रोकने के साथ विकेट लेने की क्षमता राशिद को खतरनाक बनाती है। विश्व कप में वह निश्चित तौर पर कई बल्लेबाजों को मजा चखाने वाले हैं।

आईपीएल के 12वें संस्करण में भी राशिद ने दमदार प्रदर्शन किया है और सनराइजर्स हैदराबाद की तरफ से खेलते हुए 15 मैचों में 17 विकेट लिए।

नाथन लॉयन (आस्ट्रेलिया) :

लॉयन आस्ट्रेलियाई टेस्ट टीम का अहम हिस्सा हैं। उन्होंने अपने दम पर आस्ट्रेलिया को कई टेस्ट मैच जिताए हैं।

उन्होंने हालांकि सीमित ओवरों के ज्याद मैच नहीं खेले हैं। उनके खाते में सिर्फ 25 वनडे मैच हैं। टेस्ट का उनका अनुभव वनडे में आस्ट्रेलिया के काफी काम आ सकता है।

लॉयन का यह पहला विश्व कप होगा लेकिन यह ऑफ स्पिनर आस्ट्रेलियाई आक्रमण का अहम हिस्सा होगा। उनकी गेंद को टर्न और बाउंस कराने की क्षमता बल्लेबाजों के लिए सिर दर्द साबित हो सकती है।

इमरान ताहिर (दक्षिण अफ्रीका) :

अपना आखिरी विश्व कप खेल रहे इमरान ताहिर, अच्छा प्रदर्शन करने तथा दक्षिण अफ्रीका को अपना पहला वनडे विश्व कप दिलाने के लिए उतारू होंगे। लेग स्पिनर हमेशा से फाफ डु प्लेसिस की पहली पसंद रहे हैं। जब भी डु प्लेसिस को विकेट की तलाश रहती है वह ताहिर को बुलाते हैं।

40 साल के इस खिलाड़ी ने कुल 98 वनडे खेले हैं और 162 विकेट अपने नाम किए हैं। वनडे में उनका सर्वश्रेष्ठ 45 रन देकर सात विकेट रहा है।

ताहिर इस समय शानदार फॉर्म में भी हैं। उन्होंने हाल ही में खेले गए आईपीएल में सबसे ज्यादा विकेट लिए थे और पर्पल कप हासिल की थी। आईपीएल के 12 मैचों में ताहिर ने 26 विकेट लिए थे और सभी को प्रभावित किया था।

शाकिब अल हसन (बांग्लादेश) :

32 साल के शाकिब बांग्लादेश के स्पिन आक्रमण की कमान संभालेंगे। बल्लेबाजी के अलावा, कप्तान मशरफे मुर्तजा चाहेंगे कि उनका सबसे अनुभवी खिलाड़ी उन्हें अहम मौकों पर विकेट निकाल कर दे।

शाकिब ने अभी तक अपने देश के लिए 198 वनडे खेले हैं और 249 विकेट अपने नाम किए हैं। शाकिब ने खेल के सभी प्रारूप में बांग्लादेश की सफलता में अहम रोल निभाया है।

शाकिब हालांकि इस समय चोटों की समस्य से जूझ रहे हैं और यह बांग्लादेश के लिए चिता की बात हो सकती है। यह शाकिब का संभवत: आखिरी विश्व कप हो सकता है।

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस


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बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

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