ऑनलाइन प्रवेश परीक्षा में आई तकनीकी खामियां

0

दिल्ली स्थित साउथ एशियन यूनिवर्सिटी की ऑनलाइन परीक्षा में कुछ तकनीकी समस्याएं सामने आई हैं। यह ऑनलाइन परीक्षा इस सत्र में प्रवेश के लिए ली जा रही हैं। ऑनलाइन प्रवेश परीक्षा में तकनीकी समस्या आने पर कई छात्रों ने इस संबंध में अपना विरोध दर्ज कराया है। साउथ एशियन यूनिवर्सिटी के लिए 12 व 13 अगस्त को प्रवेश परीक्षा सेंटर बेस्ड मोड तथा प्रॉक्टरड मोड में हुई थी। इस प्रवेश परीक्षा में घर से प्रॉक्टरड मोड पर परीक्षा दे रहे कई छात्रों के सामने तकनीकी समस्याएं आईं । प्रॉक्टरड मोड में परीक्षा दे रहे कई छात्रों का लॉगिन ही नहीं हुआ, कई अभ्यर्थियों का परीक्षा के दौरान तय समय-सीमा के बहुत पहले ही पोर्टल शट डाउन हो गया । इसी तरह की कई समस्याएं छात्रों के सामने आईं । इस सन्दर्भ में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद(एबीवीपी) ने साउथ एशियन यूनिवर्सिटी के अध्यक्ष को ज्ञापन सौंपकर प्राक्टरड मोड की परीक्षा पुन आयोजित कराने की मांग की है।

एबीवीपी, दिल्ली के प्रदेश मंत्री सिद्धार्थ यादव ने कहा, “छात्रों की साउथ एशियन यूनिवर्सिटी प्रवेश परीक्षा संबंधी शिकायतों का शीघ्र समाधान यूनिवर्सिटी प्रशासन द्वारा किया जाना चाहिए , जिससे तकनीकी समस्या के चलते किसी योग्य अभ्यर्थी का वर्ष न खराब हो। बड़ी संख्या में छात्रों ने प्राक्टरड मोड की तकनीकी समस्याओं पर अपना रोष जताया है। एबीवीपी किसी भी ऐसी व्यवस्था के विरोध में है जो किसी भी छात्र को गलत ढंग से किसी भी शैक्षिक प्रक्रिया से बहिष्कृत करती हो। हम आशा करते हैं कि साउथ एशियन यूनिवर्सिटी का प्रशासन शीघ्र हमारी मांगों को मानेगा।”

वहीं कोरोना संक्रमण के प्रति सतर्कता बरतते हुए कई केंद्रीय विश्वविद्यालयों ने ऑनलाइन क्लास शुरू करने का निर्णय लिया है। विद्यार्थियों के हितों को मद्देनजर रखते हुए विश्वविद्यालयों ने ऑनलाइन क्लासेज के साथ अगस्त महीने में नए अकादमिक सत्र प्रारंभ करने का फैसला लिया है।

यूजीसी ने कहा है कि विश्वविद्यालयों की परीक्षा के लिए 6 जुलाई को पुन: निर्धारित किए गए दिशा-निदेशरें पर 51 केंद्रीय विश्वविद्यालय से सकारात्मक जवाब मिला है। इनमें से कई केंद्रीय विश्वविद्यालयों ने अंतिम वर्ष और अंतिम सेमेस्टर की ऑनलाइन परीक्षाएं पूरी करवा ली हैं जबकि शेष रह गए केंद्रीय विश्वविद्यालयों ने 30 सितंबर से पहले इस प्रकार की परीक्षाएं करवा लेने का आश्वासन दिया है।

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस

SHARE
Previous article41 शतक ठोकने वाले इस बल्लेबाज ने टीम से बाहर किए जाने के फैसले को सही बताया
Next articleकपिल वधावन ने यूएई में कंपनी स्थापित करने के अलावा ऑस्ट्रेलिया में भी किया था निवेश
बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here