कुछ पर्यटक गोवा बीच पर हर लड़की को ‘उपलब्ध’ समझते हैं

0
950

गोवा में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक और विधानसभा उपाध्यक्ष मिशेल लोबो ने मंगलवार को कहा कि गोवा के बीचों (समुद्र तटों) पर आने वाले कुछ भारतीय पर्यटक सोचते हैं कि बीच पर मिलने वाली हर लड़की उपलब्ध है और ऐसे पर्यटकों के आने से तटीय राज्य के पर्यटन राजस्व में कमी आई है। यहां गोवा पुलिस मुख्यालय पर संवाददाताओं से बात करते हुए कालंगट विधानसभा से विधायक लोबो ने अपने ही मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर पर हमला करते हुए उन पर गलत पर्यटकों को न रोकने का आरोप लगाया और कहा कि इससे गोवा के संपूर्ण पर्यटन व्यवसाय में गिरावट हो सकती है।

सबसे ज्यादा बीच कालंगट विधानसभा क्षेत्र में ही हैं। उन्होंने कहा, “उत्तरी और दक्षिणी (जिलों) सहित तटीय क्षेत्र में हमने आज क्या पाया है, जो लोग यहां आते हैं, सिर्फ यही सोचकर गोवा आते हैं।”

उन्होंने कहा, “वे सब शराब, नशा और वेश्यागमन के लिए यहां आते हैं। वे सोचते हैं कि बीच पर मौजूद हर लड़की उपलब्ध है। वे शराब पीते हैं। वे जो कुछ करना चाहते हैं, वह करते हैं, क्योंकि वे बीच पर चाहे कितनी भी बोतलें (शराब की) ले जा सकते हैं।”

पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) मुक्तेश चंदेर से मुलाकात कर उन्हें पर्यटन से संबंधित ऐसे खतरों की जांच करने के लिए ज्ञापन देने वाले लोबो ने कहा कि बार-बार आग्रह करने के बाद भी पर्रिकर ने गोवा के बीचों पर शराब पीने पर पाबंदी नहीं लगाई है।

लोबो ने कहा कि बीचों पर शराब पीना दंडनीय अपराध बनाया जाना चाहिए।

उन्होंने कहा, “पर्यटन मंत्रालय जिम्मेदार है। हमारे मुख्यमंत्री जिम्मेदार हैं। वे शत-प्रतिशत जिम्मेदार हैं। उन्हें बीचों पर शराब पीने पर प्रतिबंध लगाना चाहिए। हमने उनसे कई बार आग्रह किया है।”

भाजपा विधायक ने कहा, “छूट वाले ये आदेश लाने के लिए मुख्यमंत्री जिम्मेदार हैं। प्रतिबंध के आदेश आए नहीं हैं तो कोई भी कार्रवाई नहीं कर सकता। हम असहाय हैं।”

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस


SHARE
Previous articleविश्व कप 2019 में रायडू की जगह ले सकते हैं ये 3 बल्लेबाज, नंबर 1 है स्टाइलिश बल्लेबाज
Next articleVIDEO: एडिलेड में धोनी ने फिनिशिंग पारी में की ऐसी गलती, अंपयार का भी नहीं गया ध्यान
बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here