शारदीय नवरात्रि : परीक्षा में सफलता के लिए ऐसे करें देवी ब्रह्मचारिणी की पूजा

0
115

जयपुर। आज शारदीय नवरात्र का दूसरा दिन यानी देवी के स्वरुपोॆ में से माता ब्रह्मचारिणी स्वरुप की पूजा अर्चना व उपासना का दिन है। देवी ब्रह्मचारिणी ने शिव के पति रुप में पाने के लिए घोर तपस्या की जिसके कारण इनके मुख पर हमेशा तेज रहता है। देवी ब्रह्मचारिणी का संबंध मंगल ग्रह से माना जाता है।

देवी ब्रह्मचारिणी का आधिपत्य मंगल ग्रह पर है। जिसके कारण इनकी पूजा व उपाय करने से विघा का आशीर्वाद मिलता है, प्रवेश परीक्षा में सफलता व क्रोध से मुक्ति मिलती है। ब्रह्मचारिणी सफेद वस्त्र धारण किये हुए गौरवर्णा देवी के कंगन, कड़े, हार, कुंडल व बाली धारण करती हैं। ये पर्वत राज हिमालय की पुत्री है।

पूजा विधि – देवी ब्रह्मचारिणी की पूजा करने के लिए घर के मंदिर में लाल वस्त्र पर देवी ब्रह्मचारिणी की मूर्ती स्थापित करें आटे का दिया बना कर उसमें चमेली के तेल का दीपक जलाएं, गुगल की धूप जलाएं, लाल फूल, सिंदूर चढ़ाएं, हलवे का भोग लगाएं व पूजा के बाद प्रसाद किसी कन्या को दे।

मंत्र  ॐ ब्रह्मचारिण्यै देव्यै: नमः॥ इस मंत्र का जाप करें।

उपाय

  • देवी ब्रह्मचारिणी पर सिंदूर चढा कर उस सिंदूर से रोज तिलक लगाने से कुशाग्र बुद्धि का आशीर्वाद मिलता है।
  • देवी ब्रह्मचारिणी पर गेहूं चढ़ा कर गेहूं के दाने कर्पूर से जलाने से  क्रोध से मुक्ति मिलती है।
  • देवी ब्रह्मचारिणी पर पेन चढ़ाने से परीक्षा में सफलता मिलती है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here