पीबीएल-5 : हैदराबाद पर चेन्नई की जीत में हीरो रहे लक्ष्य

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भारत के युवा खिलाड़ी लक्ष्य सेन ने स्टार स्पोटर्स प्रीमियर बैडमिंटन लीग (पीबीएल) के पांचवें सीजन के उद्घाटन मुकाबले में सोमवार को अपनी टीम चेन्नई सुपरस्टार्ज को हैदराबाद हंटर्स के खिलाफ शानदार जीत दिला दी। जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में खेले जा रहे पहले मैच के शुरुआती तीन मैच चेन्नई ने जीत स्कोर 4-0 कर अपनी जीत तय कर दी।

इसके बाद के दो मैच अगर पीवी सिंधु की कप्तानी वाली हैदरबाद की टीम जीत भी जाती है तो वह सिर्फ अपने खाते में तीन अंक जोड़ पाएगी लेकिन हार को टाल नहीं पाएगी।

चेन्नई की जीत के हीरो लक्ष्य रहे। टीम ने लक्ष्य को ट्रम्प मैच में उतारा था जिसे जीत कर लक्ष्य ने चेन्नई की जीत पक्की कर दी। चेन्नई ने शुरुआती दो मैच जीत 2-0 की बढ़त ले ली थी और फिर लक्ष्य ने ट्रम्प मैच जीत उसे दो अंक और दिला दिए।

गौरतलब है कि पीबीएल में ट्रम्प मैच जीतने वाली टीम को दो अंक मिलते हैं और अपना ट्रम्प मैच हारने वाली टीम को एक अंक का नुकसान उठाना पड़ता है।

दिन का पहला मैच मिश्रित युगल का था। मेजबान टीम की तरफ से सत्विक साइराजरैंकीरेड्डी और जेसिका पुघ की जोड़ी हैदराबाद की व्लादिमीर इवानोव और एन. सिक्की रेड्डी की जोड़ी के सामने उतरी। मुकाबला अच्छा रहा और तीन गेमों तक गया। अंतत: चेन्नई ने यह मैच 15-6, 13-15, 15-13 से अपने नाम किया और 1-0 की बढ़त ले ली।

दूसरा मैच पुरुष एकल वर्ग का था जहां चेन्नई ने टॉमी सुगियार्तो और हैदराबाद के सौरभ वर्मा आमने-सामने थे। इंडोनेशिया के सुगियार्तो ने सौरभ को आसानी से सीधे गेमों में 15-11, 15-10 से मात दे चेन्नई को 2-0 से आगे कर दिया।

इसके बाद अगला मैच भी पुरुष एकल वर्ग था जिसमें चेन्नई ने लक्ष्य सेन पर दांव खेलते हुए ट्रम्प मैच बनाया था। लक्ष्य के सामने हैदराबाद के प्रियांशू राजावत की चुनौती थी। भारत के दोनों युवा खिलाड़ियों ने बेहद ऊर्जा के साथ शुरुआत की, लेकिन लक्ष्य यह मैच 15-6, 13-15, 15-14 से अपने नाम करने में सफल रहे।

मैच बेहद रोमांचक हुआ। पहले गेम में स्कोर 2-2 से बराबर था। लक्ष्य ने हालांकि 4-2 से बढ़त ले ली और फिर ब्रेक में 8-4 के स्कोर के साथ गए। ब्रेक के बाद राजावत सिर्फ दो अंक ही ले पाए और लक्ष्य 15-6 से गेम अपने नाम कर ले गए। रोमांच यहां खत्म होने वाला नहीं था क्योंकि राजावत ने हार नहीं मानी थी। दूसरे गेम में उन्होंने अपने खेल के स्तर को उठाया।

शुरुआत में लक्ष्य के पास 4-3 की बढ़त थी लेकिन जल्द ही राजावत ने बराबरी की और ब्रेक में 8-6 के स्कोर के साथ गए। लक्ष्य भी हार नहीं मानने वाले थे। उन्होंने ब्रेक के बाद पूरा जोर लगाया और एक समय स्कोर 12-12 से बराबर कर लिया, हालांकि राजावत 15-13 गेम अपने नाम करने में सफल रहे।

तीसरे गेम में भी कड़ी टक्कर चली और अंत में स्कोर 14-14 बराबर था। मैच प्वाइंट पर लक्ष्य द्वारा लगाई गई स्मैश को राजावत के पास कोई जवाब नहीं था और इसी के साथ लक्ष्य गेम के साथ मैच भी अपनी टीम को दिला चुके थे।

इसके बाद हैदराबाद की स्टार खिलाड़ी पीवी सिंधु का मैचा है। यह हैदराबाद का ट्रम्प मैच है। इस मैच को अगर सिंधु जीत भी जाती हैं तो अपनी टीम को जीत नहीं दिला पाएंगी।

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस

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बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

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