कोविड-19 के कारण पाकिस्तान को ‘राहत’, एफएटीएफ ने रिपोर्ट के लिए दिया अतिरिक्त समय

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आतंक वित्तपोषण और धनशोधन के आरोपों में फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (एफएटीएफ) की काली सूची में डाले जाने के खतरे का सामना कर रहे पाकिस्तान के लिए कोरोना वायरस फिलहाल के लिए राहत की वजह बन गया है। एफएटीएफ ने पाकिस्तान को रिपोर्ट दाखिल करने के लिए पांच महीने का अतिरिक्त समय दिया है। एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी ने ‘डॉन न्यूज’ से कहा, “हमें स्टेट बैंक आफ पाकिस्तान से सूचना मिली है कि एफएटीफ ने बीजिंग में 21 से 26 जून तक होने वाली हमारी समीक्षा बैठक को टाल दिया है। संस्था के दिशानिर्देशों के पाकिस्तान द्वारा किए गए अनुपालन की समीक्षा अब अक्टूबर में होगी।”

अधिकारी ने बताया कि पाकिस्तान को अपनी अनुपालन रिपोर्ट अप्रैल में भेजनी थी जिसकी समीक्षा जून में होती। लेकिन, अब यह रिपोर्ट अगस्त में भेजी जाएगी जिसकी समीक्षा के लिए बैठक अक्टूबर में होगी। उन्होंने कहा कि इस फैसले की वजह कोरोना महामारी के कारण फैली अफरा-तफरी ही लग रही है लेकिन वजह जो भी हो, इससे पाकिस्तान को शर्तो के अनुपालन के लिए अतिरिक्त समय मिल गया है।

वित्तीय अपराधों पर नजर रखने वाले एफएटीएफ ने बीते फरवरी महीने में पाकिस्तान को अपनी ग्रे सूची में बनाए रखते हुए आतंक वित्तपोषण व धनशोधन पर लगाम लगाने के लिए चार महीने का समय देते हुए चेतावनी दी थी कि अगर पाकिस्तान ने इस दौरान कार्ययोजना का पूर्ण पालन नहीं किया तो उसके काली सूची में जाने की पूरी संभावना होगी।

21 फरवरी को एफएटीएफ ने कहा था कि पाकिस्तान को दी गई 27 सूत्रीय कार्ययोजना की समयसीमा समाप्त हो गई लेकिन इसमें से केवल 14 पर ही अमल किया गया है। 13 लक्ष्य ऐसे हैं जिन पर अपेक्षित काम नहीं किया गया। नई समयसीमा इस उम्मीद के साथ दी जा रही है कि पाकिस्तान इन पर भी अमल करेगा। अगर ऐसा नहीं हुआ तो वह काली सूची में डाला जा सकता है।

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस

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बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

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