ओडिशा चुनाव : भाजपा की दूसरी सूची जारी

0
88

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने ओडिशा में लोकसभा और विधानसभा चुनाव के लिए अपनी दूसरी सूची जारी कर दी है। पार्टी ने पांच लोकसभा तथा 22 विधानसभा सीटों पर अपने उम्मीदवारों के नामों की घोषणा की है। पार्टी ने अपने राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा को पुरी लोकसभा क्षेत्र से लड़ाने का फैसला कर वहां से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के चुनाव लड़ने की अटकलों पर विराम लगा दिया है।

ओडिशा में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बसंत कुमार पांडा को कालाहांडी से, सुरेश पुजारी को बरगढ़ से, नीतेश गंगा देव को संबलपुर से तथा जयराम पंगी को कोरापुट संसदीय सीट से उम्मीदवार बनाया गया है।

पार्टी द्वारा 22 विधानसभा सीटों पर घोषित उम्मीदवारों में पूर्व मुख्यमंत्री गिरिधर गमांग के बेटे शिशिर गमांग को गुनपुर विधानसभा सीट से उम्मीदवार बनाया गया है।

इससे पहले, पार्टी ने 10 लोकसभा और 99 विधानसभा सीटों पर अपने उम्मीदवार घोषित किए थे।

ओडिशा में लोकसभा की 21 तथा विधानसभा की 147 सीटें हैं।

राज्य में चार चरणों में एक साथ शुरू होने जा रहे आम चुनाव और विधानसभा चुनाव 11 अप्रैल से शुरू हो रहे हैं।

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस


SHARE
Previous articleजम्मू एवं कश्मीर : भूस्खलन में 2 लोगों की मौत
Next articleलोकसभा चुनाव : संबित पात्रा को पुरी से मिला टिकट
बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here