कभी सोचा नहीं था कि इतना बड़ा सम्मान मिलेगा : विराट कोहली

0
30

भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली ने गुरुवार को कहा कि अरुण जेटली स्टेडियम (पूर्व में फिरोज शाह कोटला स्टेडियम) में पवेलियन का नाम उनके नाम पर रखा जाना उनके लिए बहुत बड़े सम्मान की बात है क्योंकि उन्होंने कभी सोचा नहीं था कि उन्हें कभी इतना बड़ा सम्मान मिलेगा। दिल्ली एवं जिला क्रिकेट संघ (डीडीसीए) ने गुरुवार को ऐलान किया कि अरुण जेटली स्टेडियम में मुख्य पवेलियन का नाम कोहली के नाम पर किया जा रहा है।

डीडीसीए के अध्यक्ष रजत शर्मा ने जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम में आयोजित एक समारोह में इस बात का ऐलान किया।

इस मौके पर विराट ने कहा, “इतने बड़े स्तर पर मुझे सम्मानित किया जाएगा, मैंने सोचा नहीं था। मैं रजत शर्मा, भारतीय टीम, दिल्ली की पुरानी तथा नई टीमों, बीसीसीआई का शुक्रिया अदा करना चाहता हूं। मेरे पास शब्द नहीं हैं। मेरे बचपन के कोच राकेश शर्मा को शुक्रिया अदा करता हूं। मैंने कभी सोचा नहीं था कि मुझे यह सम्मान मिलेगा।”

उन्होंने कहा, “मैं इसके लिए अपने परिवार का भी शुक्रगुजार हूं। साथ ही जेटली का भी शुक्रिया। दुनिया उन्हें नेता के तौर पर जानती है लेकिन मैं उन्हें एक बेहतर इंसान के तौर पर जानता हूं। जब मेरे पिता का देहांत हुआ था तब उन्होंने मेरे घर पर आकर मुझे सुहानुभूति दी थी। मेरा और उनका कनेक्शन अलग था। उनके लिए आयोजित किए गए सम्मान समारोह में मुझे यह सम्मान मिला यह मेरे लिए और अच्छी बात है।”

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस


SHARE
Previous articleभविष्य के मूनवॉकर्स को भूविज्ञान प्रशिक्षण की आवश्यकता पडेगी
Next articleनए अमेरिकी चंद्रमा मिशनों के लिए SLS Megarocket की तैयारी की जा रही है।
बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here