लॉकडाउन : रेलवे ने पार्सल कार्गो एक्सप्रेस को समयबद्व तरीके से चलाने का किया फैसला

0

भारतीय रेलवे ने देश के विभिन्न हिस्सों में माल की बेहतर आवाजाही के लिए निर्बाध परिवहन सुविधाएं प्रदान करने का फैसला लिया है । इसके लिए कई लंबी दूरी की पार्सल कार्गो एक्सप्रेस स्पेशल ट्रेनों को समयबद्ध तरीके से चलाने का निर्णय लिया है। ये विशेष ट्रेनें भारत में घातक कोरोना वायरस के प्रकोप की वजह से लॉकडाउन अवधि के दौरान दैनिक जरूरतों की वस्तुओं को वितरित करने में मदद करेंगी। इसी के मद्देनजर रेलवे ने यशवंतपुर-हजरत निजामुद्दीन-यशवंतपुर और बांद्रा टर्मिनस-लुधियाना के बीच पार्सल स्पेशल रेलगाड़ी चलाने का निर्णय किया है।

यशवंतपुर-हजरत निजामुद्दीन-यशवंतपुर साप्ताहिक पीसीईटी एक्सप्रेस और यशवंतपुर-हजरत निजामुद्दीन पीसीईटी स्पेशल ट्रेन 6 अप्रैल और 13 अप्रैल सोमवार को यशवंतपुर से शाम 07.00 बजे प्रस्थान करेगी। यह ट्रेन यात्रा के तीसरे दिन सुबह 10.30 बजे हजरत निजामुद्दीन पहुंचेगी। वापसी में हजरत निजामुद्दीन-यशवंतपुर पीसीईटी स्पेशल ट्रेन 8 अप्रैल और 15 अप्रैल को हजरत निजामुद्दीन से प्रत्येक बुधवार को रात्रि 9.5 बजे प्रस्थान करेगी। यह ट्रेन यात्रा के तीसरे दिन दोपहर 02.00 बजे यशवंतपुर पहुंचेगी ।

इन ट्रेनों में 5 पार्सल वैन और 2 एसएलआर डिब्बे लगाये गये हैं। इस बीच कोविड-19 से लड़ने के लिये उत्तर रेलवे ने अब तक 1673 लीटर हैंड सेनिटाइजर, 9036 फेस मास्क, 241 कवरॉल का निर्माण कर लिया है। इसके साथ ही 174 रेल डिब्बों को आइसोलेशन वाडरें में बदला गया है।

गौरतलब है कि रेलवे 83 रेल कोचों को प्रति दिन आइसोलेशन वार्ड में बदल रही है।

न्यूज सत्रोत आईएएनएस

SHARE
Previous articleलड़कियों की जीन्स में इस वजह से होती है चेन, वजह है बहुत ख़ास !
Next articleआईएमएफ ने 2008 के वैश्विक वित्तीय संकट से बदतर मंदी को लेकर चेताया
बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here