इंटर मिलान के खिलाफ हो सकती है लियोनेल मेसी की वापसी

0
85

लियोनेल मेसी को यूरोपीय चैम्पियंस लीग में इटली के क्लब इंटर मिलान के खिलाफ होने वाले मुकाबले के लिए एफसी बार्सिलोना की टीम में शामिल किया गया है। समाचार एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, क्लब के चिकित्सकों ने हालांकि, अभी भी मेसी को खेलने की आज्ञा नहीं दी है। मेसी को 20 अक्टूबर को सेविला के खिलाफ हुए मुकाबले में चोट लगी थी, जिससे वह तेजी से उबरे हैं।

अर्जेटीना के खिलाड़ी को चोट से उबरने के लिए तीन सप्ताह का समय दिया गया था। उन्होंने पिछले सप्ताह साथियों के साथ ट्रेनिंग भी की थी।

मेसी के बारे में पूछे जाने पर स्पेनिश क्लब के कोच एर्नेस्तो वेल्वेर्दे ने शुक्रवार को कहा था कि वह मेसी को लेकर किसी प्रकार का जोखिम नहीं उठाएंगे। बार्सिलोना चैम्पियंस लीग में अपने ग्रुप में नौ अंकों के साथ शीर्ष पर बनी हुई है।

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस


SHARE
Previous articleमोर्निेग न्यूज बुलेटिन, मंगलवार 06 नवम्बर, डालिए एक नजर बड़ी खबरों पर !
Next articleराशिफल 06 नवम्बर 2018 जाने कैसा रहेगा आपका आज का दिन  
बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here