इटली ने यूक्रेन से खेला रोमांचक ड्रॉ

0
66

इटली की राष्ट्रीय फुटबाल टीम ने यहां बुधवार देर रात एक दोस्ताना मुकाबले में यूक्रेन के खिलाफ 1-1 से रोमांचक ड्रॉ खेला। दोनो टीमों ने बेहतरीन खेल दिखाया और मैच के दूसरे हाफ में गोल दागे।

‘बीबीसी’ के अनुसार, खिलड़ियों ने मैच के 43वें मिनट में खेल को थोड़े समय के लिए रोक दिया और शहर में कुछ समय पहले हुए पुल गिरने की घटना के पीड़ितों को श्रद्धांजली अर्पित की।

पहले हाफ में मेजबान टीम ने बेहतरीन खेल दिखाया। इटली के खिलाड़ियों ने पहले मिनट से ही अटैक करने पर विश्वास दिखाया और यूक्रेन के डिफेंस को लगातार भेदने की कोशिश की।

विंग से भी इटली ने कई अटैक किए लेकिन बढ़त बनाने में कामयाब नहीं हो पाए।

दूसरे हाफ की शुरुआत मेजबान टीम के लिए शानदार रही। 55वें मिनट में फारवर्ड फेडेरिका बर्नार्डेशी ने गोल करके इटली को 1-0 की बढ़त दिला दी।

इटली की यह बढ़त हालांकि, ज्यादा देर तक बरकरार नहीं रही। यूक्रेन के लिए बराबरी का गोल 62वें मिनट में मिडफील्डर रुस्लान मालिनोवस्की ने दागा।

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस


SHARE
Previous articleलो जिस बात का डर था वही हुआ, हार्दिक पांड्या का करियर खतरे में, हो सकती है टीम से छुट्टी
Next articleअगर आप भी पीते हो ज्यादा शराब तो एक बार जरुर पढ़ें ये खबर
बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here