मैं हर उस इंसान के साथ हूं जिसका उत्पीड़न हुआ है : हाशिम अमला

0

दक्षिण अफ्रीका के बल्लेबाज हाशिम अमला ने युवा तेज गेंदबाज लुंगी नगिदी द्वारा ब्लैक लाइव्स मैटर नाम के आंदोलन के पक्ष में बोलने पर उनका समर्थन किया है और कहा है कि वह हर उस इंसान के साथ खड़े हैं, जिनका उत्पीड़न हुआ है। नगिदी ने कहा था कि दक्षिण अफ्रीकी खिलाड़ियों को ब्लैक लाइव्स मैटर नाम के आंदोलन के साथ खड़े होना चाहिए।

अमला ने इस्टाग्राम पोस्ट में लिखा, “ब्लैक लाइव्स मैटर का हर किसी के लिए औचित्य है। क्यों?”

अमला ने लिखा, “इस्लामिक परंपरा में यह माना जाता है पहला इंसान एडम अश्वेत था इसलिए पूरी इंसानियत को इस गर्व करने वाली विरासत से संबंध है और इसलिए अश्वेत होने में किसी तरह की हिचक नहीं होनी चाहिए।”

उन्होंने लिखा, “यह उन लोगों के लिए चीजें स्पष्ट कर देती है जो सोचते हैं कि श्वेत, अश्वेतों पर हावी हैं या अश्वेत, श्वेतों पर हावी हैं, या एक राष्ट्रीयता दूसरी से बढ़कर है, यह सिर्फ भ्रम है। हां, यह सही है.. भ्रम के सिवाय कुछ नहीं।”

उन्होंने कहा, “हालांकि हम में से अधिकतर लोगों ने जिसमें मैं भी शामिल हूं, इस भ्रम का सामना किया है और हमारे पास बताने के लिए कई अजीब कहानियां हैं, इसलिए युवा लुंगी नगिदी का इसका प्रतिनिधित्व करना काबिलेतारीफ है। धन्यवाद दोस्त और उन सभी को भी जो अपने तरीके से इस काम में शामिल हुए।”

उन्होंने कहा, “मैं अपने लिए बोलता हूं और जो लोग इस बात को मानते हैं कि नस्लीय होना अपने लिए और समाज में हो रहे बदलाव के लिए दुखदायी है।”

उन्होंने कहा, “इस देश में कई उत्पीड़ित लोग हैं और पूरे विश्व में सभी रंगों, सभी तरह की जिंदगी जीने वाले लोग हैं, जिसमें क्रिकेट भी शामिल है। हालांकि काली चमड़ी वाले लोगों को बहुत कुछ झेलना पड़ता है।”

उन्होंने कहा, “सभी के लिए न्याय ही असल मायने में न्याय है, जो लोगों की जिंदगी में शांति ला सकता है बाकी सब दुर्भाग्यवश भ्रम है।”

उन्होंने लिखा, “तो क्यों अश्वेत लोगों की जिंदगी हमारे लिए मायने रखती है?.. क्योंकि हम सभी काले हैं (मेरे लिए)।”

उन्होंने इस पोस्ट में अपनी और नगिदी की फोटो भी लगाई है और लिखा, “मैं हर उस इंसान के साथ खड़ा हूं जो उत्पीड़ित है। मैं लुंगी नगिदी के साथ भी खड़ा हूं। यह फोटो उनके 2018 में किए गए पदार्पण की है।”

अमेरिका में अश्वेत शख्स जॉर्ज फ्लॉयड की पुलिस हिरासत में मौत हो जाने के बाद से पूरे विश्व में ब्लैक लाइव्स मैटर नाम के आंदोलन ने जोर पकड़ लिया है।

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस

SHARE
Previous articleफिल्म ‘प्यार तो होना ही था’ के 22 साल पूरे
Next articleटीवी इंडस्ट्री को लेकर अमित साध ने किया बड़ा खुलासा
बहुत ही मुश्किल है अपने बारे में लिखना । इसलिए ज्यादा कुछ नहीं, मैं बहुत ही सरल व्यतित्व का व्यक्ति हूं । खुशमिजाज हूं ए इसलिए चेहरे पर हमेशा खुशी रहती हैए और मुझे अकेला रहना ज्यादा पंसद है। मेरा स्वभाव है कि मेरी बजह से किसी का कोई नुकसान नहीं होना चाहिए और ना ही किसी का दिल दुखना चाहिए। चाहे वो व्यक्ति अच्छा हो या बुरा। मेरे इस स्वभाव के कारण कभी कभी मुझे खामियाजा भी भुगतान पड़ता है। मैं अक्सर उनके बारे में सोचकर भुला देता हूं क्योंकि खुश रहने का हुनर सिर्फ मेरे पास है। मेरी अपनी विचारए विचारधारा है जिसे में अभिव्यक्त करता रहता हूं । जिन लोगों के विचारों से कभी प्रभावित भी होता हूं तो उन्हें फोलो कर लेता हूं । अभी सफर की शुरुआत है मैने कंप्यूटर ऑफ माटर्स की डिग्री हासिल की है और इस मीडीया क्षेत्र में अभी नया हूं। मगर मुझे अब इस क्षेत्र में काम करना अच्छा लग रहा है। और फिर इसी में काम करने का मन बना लेना दूसरों के लिये अश्चर्य पूर्ण होगा। लेकिन इससे पहले और आज भी ब्लागर ने एक मंच दिया चिठ्ठा के रुप में, जहां बिना रोक टोक के आसानी से सबकुछ लिखा या बताया जा सका। कभी कभी मन में उठ रही बातों या भावों को शब्दों में पिरोयाए उनमें खुद की और दूसरों की कहानी कही। कभी उनके द्वारा किसी को पुकाराए तो कभी खुद ही रूठ गया। कई बार लिखने पर भी मन सतुष्ट नहीं हुआ और निरंतर कुछ नया लिखने मन बनता रहता है। अजीब सी बेचैनी जो न जाने क्या करवाएगी और कितना कुछ कर गुजर जाने की तमन्ना लिए निकले हैं इन सफरों, जहां उम्मीद और विश्वास दोनों कायम हैं जो अर्जुन के भांति लक्ष्य को भेद देंगे । मुझे अभी अपने जीवन में बहुत कुछ करना है किसी के सपनों को पूरा करना हैं । अब तो बस मेरा एक ही लक्ष्य हैं कि मैं बस उसके सपने पूरें करू।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here