हरियाणा दुष्कर्म : पुलिस ने 2 से पूछताछ की, गिरफ्तारी अभी तक नहीं

0
101

बोर्ड परीक्षा की टॉपर 19 वर्षीय छात्रा के साथ हरियाणा के महेंद्रगढ़ में हुए सामूहिक दुष्कर्म के बाद हरियाणा पुलिस ने शनिवार को दो लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है, लेकिन इस मामले में अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है। विशेष जांच दल (एसआईटी) के प्रमुख नाजनीन भसीन ने रेवाड़ी में संवाददाताओं को बताया कि चिकित्सा जांच में युवती से दुष्कर्म की पुष्टि हुई है। हालांकि घटना के 85 घंटे बीत जाने के बाद भी सामूहिक दुष्कर्म के तीन आरोपी पुलिस की पकड़ से दूर हैं। आरोपियों में सेना के जवान पंकज सहित दो अन्य युवक मनीष और निशू हैं। सभी आरोपी कनीना गांव के हैं।

पुलिस ने कहा कि उसने स्थानीय क्लीनिक चलाने वाले को गिरफ्तार किया है, जिसे आरोपी युवकों ने बुधवार (12 सितंबर) को दुष्कर्म के बाद पीड़िता की हालत बिगड़ने पर बुलाया था।

पुलिस अधिकारियों ने कहा कि क्लीनिक चलाने वाले व्यक्ति ने पीड़िता को प्राथमिक उपचार दिया था। उसके बाद दुष्कर्मियों ने उसे धमकाया था।

पुलिस एक स्थानीय किसान दयानंद को भी हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। आरोपियों ने पीड़िता के साथ सामूहिक दुष्कर्म दयानंद के खेतों के बीच बने कमरे में ही किया था।

घटना के तीन दिन बाद भी किसी आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर पाने के कारण हरियाणा पुलिस की आलोचना हो रही है।

राज्य के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) बी.एस. संधू ने शनिवार को कहा कि आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।

संधू ने संवाददाताओं से कहा, “एक आरोपी फौजी पंजक सेना में है और उसके ड्यूटी पर जाने की संभावना है। उसे गिरफ्तार करने के लिए हमने टीम भेज दी है।”

सेना का जवान पंकज राजस्थान के कोटा में तैनात है। उसकी शादी पिछले साल हुई थी।

हालांकि, पीड़िता ने शुरू में पुलिस को बताया था कि उसके साथ कथित तौर पर तीन लोगों ने दुष्कर्म किया, लेकिन उसके पिता ने दावा किया कि बुधवार को कनीना गांव में सामूहिक दुष्कर्म का शिकार होने के बाद जब उसे होश आया तो उसने अपने आसपास करीब 8-10 लोगों को देखा था।

आरोपियों को पहचान चुकी पीड़िता और उसके परिजनों ने इससे पहले कहा था कि पुलिस इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं कर रही है और इसे सामान्य मामले की तरह देख रही है।

आरोपी पीड़िता के गांव के ही रहने वाले हैं। यह घटना उस समय हुई, जब वह कोचिंग के बाद घर लौट रही थी। आरोपियों ने उसे लिफ्ट देने के बहाने कनीना बस अड्डे से अगवा कर लिया और नशीला पेय पदार्थ पिलाकर उसके साथ दुष्कर्म किया।

पीड़िता ने कहा कि उन्होंने उसे पीने के लिए पानी दिया, जिसमें नशीला पदार्थ मिला था। इसके बाद उसके होश में आने तक वे बारी-बारी से उसके साथ दुष्कर्म करते रहे।

बाद में वे उसे गांव के निकट बस अड्डे पर फेंक दिए। यही नहीं एक आरोपी मनीष ने पीड़िता के पिता को फोन कर पीड़िता को बस अड्डे से ले जाने के लिए भी कहा। पीड़िता बोर्ड परीक्षा में टॉप कर चुकी है और सरकार उसे इसके लिए सम्मानित कर चुकी है।

न्यूज स्त्रोत आईएएनएस

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here