Anurag Thakur ने संसद में नेहरू पर की टिप्पणी पर खेद जताया

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केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर के विवादास्पद बयान के बाद लोकसभा की कार्यवाही शुक्रवार को चार बार स्थगित करने की नौबत आ गई। ठाकुर ने भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू द्वारा स्थापित पीएम राष्ट्रीय राहत कोष को लेकर टिप्पणी की, जिस पर हंगामा हो गया। हालांकि ठाकुर ने बाद में अपनी टिप्पणी को लेकर खेद प्रकट किया। अनुराग ठाकुर ने संसद में पीएम केयर्स फंड को लेकर चर्चा के दौरान गांधी परिवार को लेकर एक टिप्पणी की, जिसके बाद लोकसभा में कांग्रेस सांसद अधीर रंजन चौधरी ने कड़ा एतराज जताया।

दरअसल शुक्रवार को लोकसभा में पीएम केयर्स फंड को लेकर वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर जबाव दे रहे थे। अनुराग ठाकुर ने कहा कि पीएम राष्ट्रीय राहत कोष को गांधी परिवार के लिए बनाया गया था। वित्त राज्य मंत्री ने उन सभी नामों को उजागर करने की धमकी दी, जिन्हें पीएम राष्ट्रीय राहत कोष से लाभ मिला। उनके इस बयान के बाद ही सदन में हंगामा शुरू हो गया।

अनुराग ठाकुर ने कहा, “पीएम केयर्स फंड लोगों की मदद के लिए शुरू हुआ था। जबकि विपक्ष गांधी परिवार के लिए फंड बनाता है। नेहरू और सोनिया गांधी पीएम नेशनल रिलीफ फंड के सदस्य थे। इस पर चर्चा होनी चाहिए।”

ठाकुर ने आगे कहा, “नेहरू जी ने 1948 में पीएम नेशनल रिलीफ फंड बनाने का शाही आदेश दिया था, लेकिन इसका रजिस्ट्रेशन आज तक नहीं हो पाया है। उन्हें कैसे एफसीआरए का क्लीयरेंस मिला।”

वित्त और कॉरपोरेट मामलों के राज्य मंत्री ने कराधान और अन्य कानून विधेयक, 2020 की शुरूआत के दौरान बोलते हुए दिए गए अपने बयान पर खेद व्यक्त किया।

कांग्रेस के नेतृत्व वाले विपक्षी सदस्यों ने नेहरू और कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी के खिलाफ उनकी टिप्पणी पर आपत्ति जताई थी।

ठाकुर ने खेद प्रकट करते हुए कहा कि बयान का उद्देश्य किसी को आहत करना नहीं था।

कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि उनकी पार्टी के नेताओं के खिलाफ ठाकुर के बयान से उनकी पार्टी आहत है। उन्होंने कहा कि अगर भविष्य में इस तरह की बातें नहीं दोहराई गईं तो उनके सांसद खुश होंगे।

न्यूज स्त्रेात आईएएनएस

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