पिछले 70 सालो में कृषि में आए ये बदलाव

0
112

जयपुर। भारत हमेशा से कृषि प्रधान देश ममना जाता रहा है, अब सबने अपने बचपन में किताबो में पड़ा है की भारत एक कृषि प्रधान देश है, लकिन आज के समय हमारे देश के लोग कृषि से दूर होते जा रहे है और आए दिन हम किसानो की आत्म हत्या की खबरे सुन रहे है ।

तो आज हम आपक्प बताएगे की आजादी के 72 सालों के बाद देश की कृषि की क्या हालत है और इन पिछले 72 सालों में देश में कृषि इस तरह से बदल गई है।

  • आजादी के समय हमारे देश के अधिकतर खेती की जमीन कुछ गिने चुने जमींदारों के पास थी, और अधिकतार किसान किसी और की जमीन पर खेती किया करते थे।
  • आजादी के बाद से देश में जमीनदारी में कमी आई और 1948 में इस जुड़े कानून बने,इसके आलावा किराए और बाकि सभी कामो के लिए भी नए नियम बनाए गए।
  • इसके बाद देश में समानता लाने के लिए सरकार ने तय किया की हर व्यक्ति के पास तय मानक के अनुसार ही जमीन रहेंगे और जिन के पास भी उससे ज्यादा जमीन है वो सर्कार के कब्जे में ले ली जाएगी ।

  • इसके आलावा 1950 –60 में देश में हरित कर्न्ति आई जिसके बाद देश में किसानी के लिए अलग अलग तरीके अपनाने शुरू कर दिए, जिससे खेती करने के आधुनिक तरीकों से खेती करी गई।
  • ऑपरेशन फ्लड जिसके तहत भारत पुरे विष में दूध का सबसे बड़ा उत्पादक बन गया ।
  • पीछले एक दशक से सरकारों ने किसानो पर ध्यान देना छोड़ दिया है, आज दिन पर दिन किसानो की आत्म हत्या की घटनाए बढती जा रही है।

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here